बरेली। आशा बुद्धप्रिय फाउंडेशन के संस्थापक डॉ. बी.आर. बुद्धप्रिय की अध्यक्षता में 4 अक्टूबर 2026 को अहिच्छत्र धम्महाल, आनंद विहार, संजय नगर, बरेली में डॉ. रामविलास भारती का धम्मांजलि समारोह आयोजित किया गया। समारोह में उपस्थित लोगों ने डॉ. रामविलास भारती के सामाजिक, शैक्षिक और वैचारिक योगदान का स्मरण करते हुए उन्हें धम्मांजलि अर्पित की।

डॉ. रामविलास भारती (1960 के दशक–26/09/2026) मऊ, उत्तर प्रदेश के शिक्षक, इतिहासकार, लेखक और आंबेडकरवादी सामाजिक कार्यकर्ता थे। उन्होंने गोरखपुर विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग से प्रो. एस.एन.आर. रिजवी के निर्देशन में ‘बीसवीं सदी में दलित समाज’ विषय पर पीएचडी की। उनकी प्रकाशित कृति ‘बीसवीं सदी में दलित समाज’ है तथा ‘आंबेडकर इन पार्लियामेंट’ चार खंडों में प्रकाशित है।
शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने मऊ के जूनियर हाई स्कूल, धरौली में शिक्षक और प्रधानाध्यापक के रूप में कार्य किया। विद्यालय में पुस्तकालय, विज्ञान प्रयोगशाला, स्मार्ट क्लास और अन्य शैक्षिक सुविधाओं के विकास के साथ उन्होंने आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों की शिक्षा में सहयोग किया। उनकी शैक्षिक सेवाओं के लिए उन्हें 2025 में राज्यपाल शिक्षक पुरस्कार मिला।
भारती संविधान, सामाजिक न्याय, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और आंबेडकरवादी विचारधारा से जुड़े सामाजिक एवं वैचारिक कार्यक्रमों में सक्रिय रहे। उन्होंने बुद्ध, अशोक, कबीर, फुले, आंबेडकर और कांशीराम जैसे व्यक्तित्वों को भारतीय सांस्कृतिक स्मृति से जोड़ने के उद्देश्य से ‘भारतीय कैलेंडर’ तैयार किया तथा ‘बुद्धाब्द’ और ‘आंबेडकराब्द’ की कालगणना को प्रचारित किया।
26 सितंबर 2026 को दिल्ली में हृदयगति रुकने से उनका निधन हुआ। उनके निधन से शिक्षा, इतिहास-अध्ययन और आंबेडकरवादी सामाजिक गतिविधियों से जुड़े क्षेत्र में एक सक्रिय कार्यकर्ता और विचारक का अवसान हुआ।